
Lucknow Youth Suicide Case: लखनऊ के नगराम इलाके के अमेठियन पुरवा गांव में एक दर्दनाक घटना सामने आई है। यहां 28 साल के युवक प्रशांत सिंह ने अपने कमरे में फांसी लगाकर जान दे दी। इस खबर से पूरे गांव में सन्नाटा और मातम छा गया है।
परिवार ने बताई वजह
परिजनों का कहना है कि प्रशांत काफी समय से मानसिक तनाव में थे। उनका आरोप है कि पत्नी और ससुराल पक्ष की तरफ से लगातार दबाव और परेशानियां दी जा रही थीं। इसी वजह से वह अंदर ही अंदर टूटते जा रहे थे।
कमरे में मिला शव
बताया जा रहा है कि जब घरवालों को काफी देर तक कमरे से कोई हलचल नहीं सुनाई दी, तो उन्हें शक हुआ। दरवाजा खोलकर देखा तो अंदर का नजारा देखकर सबके होश उड़ गए। प्रशांत पंखे के हुक से दुपट्टे के सहारे लटके हुए थे।
अस्पताल पहुंचते ही मौत
परिजनों ने तुरंत उन्हें नीचे उतारा और गोसाईगंज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लेकर पहुंचे। लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।
घटना की सूचना मिलते ही गोसाईगंज पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने जरूरी कानूनी प्रक्रिया पूरी कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
पिता ने लगाए आरोप
मृतक के पिता अशोक सिंह, जो पेशे से पत्रकार हैं, ने पुलिस को तहरीर दी है। उन्होंने बहू ममता सिंह उर्फ रुचि, उसकी बहनों रूबी सिंह और बब्बी सिंह, ससुर राजकरन सिंह और सास श्यामकुमारी सिंह पर बेटे को प्रताड़ित करने का आरोप लगाया है।
बच्चों पर टूटा दुखों का पहाड़
प्रशांत की मौत के बाद उनके दो छोटे बेटे, 7 साल का हार्दिक और 4 साल का यश, पिता के साए से हमेशा के लिए वंचित हो गए हैं। अब उनका भविष्य अनिश्चित नजर आ रहा है। गांव के लोग भी इस घटना से बेहद दुखी हैं। परिवार अब इंसाफ की मांग कर रहा है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल सभी आरोपों की जांच की जा रही है।
यदि आप या आपके जानने वाले किसी भी प्रकार के मानसिक तनाव या कठिन समय से गुजर रहे हैं, तो कृपया सहायता लें। भारत में ‘किरण’ (Kiran) मानसिक स्वास्थ्य हेल्पलाइन नंबर 1800-599-0019 पर संपर्क कर सहायता ले सकते है।




